उतरौला बलरामपुर - आदर्श नगर पालिका परिषद उतरौला के मोहल्ला रफी नगर में स्थित बाबा हज़रत ख्वाज़ा हसन जैनुल्लाह शाह शफी के125 वां सालाना उर्स ए मुक़द्दस में पहले ही दिन शुक्रवार की रात्रि में तकरीर का आयोजन आगाज किया गया। उर्स की सदारत आरिफ रज़ा व निजामत मौलाना मोईन अख्तर व नूर मोहम्मद वाहिदी ने किया। इस कार्यक्रम का शुभारम्भ कारी सलाहुद्दीन के द्वारा कुरान की तिला वत के साथ किया। इसके मुख्य वक्ता सैय्यद नजीरुल हसन ने वालियों, और औलिया ए कराम और बुजुर्गाने दीन के मर्तबे पर रोशनी डाली। लखनऊ से आए मुफ्ती कमालुद्दीन ने अपने तकरीर में कहा कि वली कभी भी खुदा की याद से गाफिल नहीं हुए। वली और औलिया अपनी पूरी जिन्दगी में शरीअत का दामनकभी अपने हाथ से नहींछोड़ा अल्लाह ने इसलिए इन कों विलायत के दर्जे से सरफराज फरमाया है। बुजुर्गों के दर पर हाजि री देने से इंसान को जहनी सुकून मिलता है। अल्लाह के यहां औलिया ए किराम का बहुत बड़ा मर्तबा है। सभी को औलिया ए किराम के बताए हुए रास्ते पर चलकर अपनी जिन्दगी गुजारनी चाहि ए। बुजुर्गों से सच्ची पक्की अकीदत और मुहब्बत करनी चाहिए। नमाजों की पाबंदी करनी चाहिए। गरीबों और यतीमों की मदद करनी चाहिए। मौलाना अदहम ने कहा कि इस्लाम ने औरतों को जो मुकाम और इज्जत दी है। वह किसी और धर्म में नहीं दी गई है। रसूल का फरमान है, कि जन्नत मां के कदमों के नीचे है। एक मां के रुप में औरत जमीन पर तमाम इंसानों से ज्यादा इज़्ज़त की हकदार है। इस्लाम ने हर औरत के लिए शिक्षा को आवश्य क करार दिया है। पर्दे को जरूरी करार देकर उसकी इज्जत व आब रू की सुरक्षा का पूरा बन्दो बस्त किया है। इस्लाम पहला धर्म है जिसने औरतों को मीरास (धन-सम्पित) में हिस्सा दिया है। हर क्षेत्र में इस्लाम ने औरतों को उनकी सलाहियतों के हिसाब से अधिकार भी दिया गया हैं। हर मुसल मान पर इल्म व दीन हासिल करना अनिवार्य है,चाहे वह पुरूष हो या स्त्री। तकि इनकाआखि रत संवार सके, और एक मिसाली समाज की स्थापना में अपना किर दार विशेष तौर पर अंजाम दे सकें। नात ख्वां जैनुल आबेदीन, अहमदुल फत्ताह,सैफ रज़ा कानपुरी, मखदूम मुबारक, रहीम रजा, जीशान रजा, रिजवान अहमद व आरिफ रज़ा की नात ए पाक सुनकर पूरा मजमा झूम उठा। सलातो सलाम के बाद तकरीर का समापन किया गया। इस मौके पर महफूज गनी, शह जाद, मंजूर कुरैशी, तफ्ज्जुल हसन, तज म्मुल हसन, जावेद आलम, अय्यूब हाशमी, करीम,अरबाज, साबिर अली, समीर, आरजू, मैनुद्दीन,रहीमुल हसन, सद्दाम हाशमी के अला वा भारी संख्या में अकी दतमंद लोग उपस्थित रहे।
हिन्दी संवाद न्यूज से
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उतरौला बलरामपुर।
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