श्रावस्ती- 51 वीं यू पी बटालियन एन सी सी बलरामपुर के तत्वावधान में सिरसिया श्रावस्ती में चल रहे आल इंडिया यू पी ट्रैकिंग कैम्प के चौथे दिन कैडेटों ने  भगवान विभूतिनाथ के दर्शन कर  आशीर्वाद प्राप्त किया। वहीँ  सोहेलवा जंगलों के प्राकृतिक सौंदर्य के नजारे का आनंद लिया।
रविवार की सुबह कार्यवाहक  कमांडिंग ऑफिसर कर्नल अनुराग गंजवार के निर्देशन में सभी निदेशालय के कैडेट्स अपने अपने ग्रुप के साथ निर्धारित रूट पर ट्रैकिंग के निकल लिये।  राजस्थान निदेशालय के एन सी सी कैडेटों ने भगवान विभूतिनाथ का दर्शन कर पूजा अर्चना की। कैडेटों को भगवान विभूतिनाथ मंदिर के पौराणिक कथा से परिचित कराया गया। श्रावस्ती में भगवान विभूति नाथ से संबंधित एक पांडवकालीन मंदिर है, जो सिरसिया में स्थित है। यह मंदिर हिमालय की तलहटी में है और भगवान शिव को समर्पित है। सावन के महीने में यहां बड़ी संख्या में श्रद्धालु आकर पूजा-अराधना करते हैं और इसे बहुत ही पवित्र माना जाता है। महाभारत काल में पाण्डव द्वारा 12 वर्ष वनवास तथा एक वर्ष अज्ञातवास में व्यतीत किया गया था। वनवास के दौरान उन्होनें कुछ समय सोहेलवा नामक वन क्षेत्र में व्यतीत किया था। उस समय भीम द्वारा एक गांव की स्थापना की गयी जिस कारण उस गांव को भीम गांव के नाम से जाना जाता था। बाद में यह अपना नाम बदलते-बदलते भिनगा हो गया। भीम गांव से उत्तर दिशा में 36 किमी0 की दूरी पर हिमालय क्षेत्र में एक शिव आधार शिला रखी जो कि विभूतिनाथ नाम से प्रसिद्ध है। हजारों की संख्या में श्रद्धालु प्रति वर्ष मंदिर दर्षनाथ आते है। सावन माह में बहुत बड़ी संख्या में श्रद्धालु मंदिर आकर भगवान शिव की पूजा एवं अराधना करते है। साथ ही अन्य निदेशालय के कैडेटों ने सोहेलवा के जंगल का भ्रमण किया और प्राकृतिक संसाधनों से रूबरू हुए।
ट्रैकिंग कैम्प में सूबेदार मेजर बिनय घोष,ट्रेनिंग जेसीओ सुबिक गुरुंग व सूबेदार सतबीर सिंह सहित कई एन सी सी अधिकारी व पी आई स्टाफ मौजूद रहे।

              हिन्दी संवाद न्यूज से
               रिपोर्टर वी. संघर्ष
                  बलरामपुर। 

Post a Comment

If you have any doubts, please let me know

और नया पुराने