कन्नौज // पूरा गांव जब नारकीय स्थिति झेल रहा था और बस्तियों में तालाब का गंदा पानी संक्रामक बीमारियों का बम फोड़ रहा था, तब जनता के दुखों पर मरहम लगाने की जगह सचिव प्रियांशु जेब गर्म करने में मशगूल हुए। जल निकासी के नाम पर जारी सरकारी बजट में से 10 हजार रुपये की सीधी रिश्वत डकारने वाले इस भ्रष्ट अधिकारी की पोल खुली तो जिला प्रशासन में हड़कंप मच गया। जिला विकास अधिकारी प्रतिभा जायसवाल ने आरोपी सचिव को बुधवार केा तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है क्षेत्र की ग्राम पंचायत महमूदपुर खास में बारिश के बाद हालात बेकाबू हो गए थे गंदे पानी से घिरे ग्रामीण मदद की गुहार लगाते रहे लेकिन बेपरवाह सचिव प्रियांशु के कान पर जूं तक नहीं रेंगी मामला जब बढ़ा तो ग्राम प्रशासक धनदेवी की शिकायत पर विधायक अर्चना पांडेय ने सख्त रुख अपनाया विधायक के तेवरों को देखते ही बीडीओ दीपांकर आर्य को जांच सौंपी गई। जांच में पता चला कि 10 अगस्त को पीएफएमएस प्रणाली से मेट राहुल उर्फ प्रेमरतन त्रिपाठी के खाते में 29,900 रुपये का भुगतान किया गया था सचिव प्रियांशु ने इसमें से 10 हजार रुपये ऐंठ लिए और सिर्फ 19,900 रुपये ही खर्च दिखाए। अधिकारियों ने जब साक्ष्य और पत्रावली मांगी, तो उसके पास सफाई देने तक के लिए कोई दस्तावेज नहीं बचा। जिला विकास अधिकारी ने आरोपी सचिव प्रियांशु पर पांच बेहद गंभीर आरोपों के तहत शिकंजा कसा है। इनमें रिश्वतखोरी, साक्ष्य मिटाना, कर्मचारी आचरण नियमावली का उल्लंघन, जनता को संकट में छोड़ना और पद के दुरुपयोग का आरोप लगा है। बीडीओ उमर्दा सोनिया श्रीवास्तव को जांच अधिकारी नियुक्त कर 15 दिनों के भीतर साक्ष्यों के साथ चार्जशीट और अंतिम आख्या तलब की गई है। निलंबन की अवधि में उन्हें विकास खंड उमर्दा से संबद्ध किया गया है सचिव प्रियांशु के निलंबन के बाद हमीरपुर क्लस्टर के तहत ग्राम पंचायत भोजपुर निगोह, हमीरपुर, जमामर्दपुर, लोकपुर, निगोह खास की जिम्मेदारी सचिव मनीषा पटेल व कुंवरपुर बनवारी क्लस्टर की ग्राम पंचायत कुंवरपुर बनवारी, महमूदपुर खास, रामपुर हृदय, सिकंदरपुर निगोह का कार्यभार सचिव आशीष कुमार संभालेंगे।
रिपोर्ट :- जितेन्द्र कुमार हिन्दी संवाद न्यूज उत्तर प्रदेश
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