उतरौला बलरामपुर रमजानुल मुबारक के महीने में गरीबों मजलूमों असहायों की मदद करने से बड़ा कोई पुण्य कार्य नहीं है। हर साम‌र्थ्यवान व्यक्तियों को गरीबों मजलूमों और असहायों की मदद के लिए आगे आना चाहिए। यह बातें क्षेत्र में गरीब जरूरतमंद परिवारों की मदद करने  के दौरान समाजसेवी डाक्टर सगीर अहमद खां ने कहीं।
उन्होंने कहा कि जरुरतमंदों की मदद करते समय वह तो लाभार्थी की फोटो भी लेते हैं और न ही सोशल मीडिया पर इसका गुणगान करते हैं। उतरौला के समाजसेवी डाक्टर सगीर अहमद खां ने कहा कि माहे रमजान व ईद त्यौहार के दृष्टिगत लोगों की सेवा के लिए हर संभव मदद करने की कोशिश कर रहा हूं। अपनी मुहिम को जारी रखते हुए बुधवार को भी  समाजसेवी डाक्टर सगीर अहमद खां ने क्षेत्र के कई गरीब परिवारों के घरों तक राशन व ईद का सामान पहुंचाया गया है। और किसी को भी इसकी फोटो खींचने की इजाजत नहीं दी गई है। उन्होंने यह भी कहा कि हम नहीं चाहते हैं कि किसी गरीब की मदद करते समय फोटो खींचने पर उसकी आंखों में शर्मिंदगी या हीन भावना उत्पन्न हो।  उन्होंने यह भी कहा कि अपनी क्षमतानुसार जरुरतमंद परिवार की आर्थिक स्थिति को देखते हुए उनकी मदद कर रहा हूं। साथ ही उन्होंने हर हैसियतमंद से अपील भी किया कि ईद से  पहले जितना हो सके,गरीबों की मदद करें। ताकि गरीब परिवार भी खुशी से अपनी ईद का त्यौहार मना सकें। गरीबी अभिशाप नहीं है। गरीब लोगों के मन में भी वही है, जो हम सबके मन में है। ऐसे लोगों की सहायता करने से उन्हें भी खुशी मिलती है। इस संसार में गरीबों की मदद करने से बढ़कर कोई भी नेक कार्य नहीं है। श्री डाक्टर ने कहा कि हर मुसलमान पर जो साहिबे निसाब हो सदका ए फित्र वाजिब है। जो उसे ईद की नमाज से पहले पहले अदा करना वाजिब है।
उन्होंने सदका ए फ़ित्र ईद की नमाज से पहले अदा करने की अपील भी की है। अपने वारिसान का सदका ए फित्र भी बाप को ही अदा करना लाजमी है। उस बच्चे का भी सदका ए फित्र अदा किया जाएगा, जो ईद के दिन ही सवेरे सादिक से पहले पैदा हुआ हो। सदका ए फ़ित्र की मिकदार एक किलो 650 ग्राम गेहूं या इसकी कीमत है। इसके अलावा जो अमीर व मालदार लोग हैं, वह खजूर और किसमिस की कीमत के हिसाब से भी सदका ए फित्र अदा कर सकते हैं।
 इसके अलावा हर मुसलमान जो साहिबे निसाब हो और उस पर साढे़ 52 तोले से ज्यादा तिजारत का माल या सोना चांदी हो या नकद इतना पैसा हो। उन्होंने सभी मुसलमानों से सदका ए फित्र ईद की नमाज से पहले अदा करने की अपील की है।
असगर अली
उतरौला 

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