*लखनऊ, 05 अगस्त 2026*
*विधानसभा में जनता की समस्याओं पर मुखर डॉ. राजेश्वर सिंह, नियम-301 और नियम-51 के तहत उठाए महत्वपूर्ण मुद्दे*
*सरोजनीनगर की आवाज़ बने डॉ. राजेश्वर सिंह, विधानसभा में उठाए जनहित के अहम मुद्दे*
*विधानसभा में गूंजा सरोजनीनगर का विकास, डॉ. राजेश्वर सिंह ने जलभराव के स्थायी समाधान की रखी मजबूत पैरवी*
*सरोजनीनगर को जलभराव से स्थायी राहत दिलाने की दिशा में विधानसभा में प्रभावी पहल, नियम-301 और नियम-51 के तहत उठाए महत्वपूर्ण मुद्दे*
*जनहित सर्वोपरि: सरोजनीनगर के विकास और जलभराव समाधान को लेकर विधानसभा में मुखर हुए डॉ. राजेश्वर सिंह*
*विधानसभा में उठी सरोजनीनगर की जनता की आवाज़, डॉ. राजेश्वर सिंह ने रखी विकास की व्यापक रूपरेखा*
लखनऊ। उत्तर प्रदेश विधानसभा के मानसून सत्र के दौरान सरोजनीनगर विधानसभा क्षेत्र के विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह ने क्षेत्र की आधारभूत अवस्थापना सुविधाओं के विकास तथा जलभराव की गंभीर समस्या के स्थायी समाधान से जुड़े दो महत्वपूर्ण विषय विधानसभा में उठाए। उन्होंने नियम-301 के अंतर्गत बदालीखेड़ा, नीलमथा, पंडितखेड़ा एवं गौरी क्षेत्रों में सड़क, सीवर, नाली, जल निकासी एवं अन्य आधारभूत सुविधाओं के विकास हेतु आवश्यक बजटीय प्रावधान किए जाने की मांग की, वहीं नियम-51 के अंतर्गत सरोजनीनगर के शहरी क्षेत्रों में जलभराव की समस्या के स्थायी समाधान के लिए 10 महत्वपूर्ण नाला परियोजनाओं को शीघ्र वित्तीय स्वीकृति प्रदान किए जाने की आवश्यकता पर सरकार का ध्यान आकर्षित किया।
*नियम-301 के अंतर्गत उठाया आधारभूत सुविधाओं का विषय*
डॉ. राजेश्वर सिंह ने विधानसभा में कहा कि सरोजनीनगर विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले बदालीखेड़ा, नीलमथा, पंडितखेड़ा एवं गौरी क्षेत्रों में आधारभूत अवस्थापना से जुड़ी अनेक समस्याएं लंबे समय से बनी हुई हैं। इन क्षेत्रों में सड़कें, सीवर व्यवस्था, नालियां एवं जल निकासी तंत्र अनेक स्थानों पर जर्जर एवं अपर्याप्त हैं, जिससे स्थानीय नागरिकों को प्रतिदिन कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है।
उन्होंने कहा कि प्रत्येक वर्ष वर्षा ऋतु के दौरान इन क्षेत्रों में व्यापक जलभराव की स्थिति उत्पन्न हो जाती है। इसके कारण आम नागरिकों, विद्यार्थियों, महिलाओं, वरिष्ठ नागरिकों एवं व्यापारियों को आवागमन में भारी परेशानी होती है। जलभराव के कारण स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं भी उत्पन्न होने लगती हैं तथा सामान्य जनजीवन प्रभावित होता है। बढ़ती जनसंख्या एवं तीव्र शहरीकरण को देखते हुए वर्तमान आधारभूत सुविधाएं अब क्षेत्र की आवश्यकताओं के अनुरूप नहीं रह गई हैं।
डॉ. राजेश्वर सिंह ने सरकार से मांग की कि इन क्षेत्रों में सड़क, सीवर, नाली, जल निकासी तथा अन्य आवश्यक आधारभूत विकास कार्यों के लिए पर्याप्त बजटीय प्रावधान उपलब्ध कराए जाएं तथा संबंधित विभागों को शीघ्र कार्यवाही के निर्देश दिए जाएं, ताकि विशेष रूप से वर्षा ऋतु में स्थानीय नागरिकों को होने वाली समस्याओं का स्थायी समाधान सुनिश्चित किया जा सके।
*नियम-51 के अंतर्गत जलभराव के स्थायी समाधान की मांग*
डॉ. राजेश्वर सिंह ने नियम-51 के अंतर्गत सदन का ध्यान सरोजनीनगर विधानसभा क्षेत्र के शहरी भागों में लगातार बढ़ रही जलभराव की समस्या की ओर आकर्षित किया। उन्होंने कहा कि सरोजनीनगर एक विस्तृत क्षेत्र है, जहां घनी आबादी के साथ-साथ औद्योगिक गतिविधियां भी लगातार बढ़ रही हैं। बढ़ती आबादी और निवेश के कारण प्रभावी जल निकासी व्यवस्था की आवश्यकता पहले से अधिक बढ़ गई है, लेकिन अभी तक पर्याप्त व्यवस्था विकसित नहीं हो सकी है।
उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि पूर्व में भी जल निकासी व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने के लिए विषय उठाया गया था, किंतु प्रस्तावित कार्य पूर्ण न होने के कारण आज भी अनेक क्षेत्रों में जलभराव की समस्या बनी हुई है।
इन 10 नाला परियोजनाओं को शीघ्र स्वीकृति देने की मांग
डॉ. राजेश्वर सिंह ने विधानसभा में निम्नलिखित नाला परियोजनाओं को शीघ्र वित्तीय स्वीकृति प्रदान कर समयबद्ध रूप से निर्माण कार्य प्रारंभ कराने की मांग की—
1- साईं दाता रोड (अहिमामऊ) में सरस्वती शिशु मंदिर के पास एमआई कॉम्प्लेक्स से माता मंदिर तक लगभग 1 किलोमीटर सीसी नाले का निर्माण।
2- शांति नगर (एयरपोर्ट क्षेत्र) में देवेंद्र सिंह के घर से मुख्य मार्ग कानपुर रोड तक लगभग 350 मीटर सीसी नाले का निर्माण।
3- गिंदन खेड़ा में डीआरडीओ से कानपुर रोड तक लगभग 1 किलोमीटर सीसी नाले का निर्माण।
4- गिंदन खेड़ा, अमौसी में श्याम बहादुर सिंह के घर के सामने से आरएन एक्सपोर्ट इंडस्ट्रियल एरिया तक लगभग 500 मीटर सीसी नाले का निर्माण।
5- बंगला बाजार में नहर के पास से किला चौराहे के निकट निर्मित नाले तक लगभग 1.5 किलोमीटर सीसी नाले का निर्माण।
6- अर्जुनगंज (सरस्वतीपुरम) में जयगुरुदेव आश्रम के पास चौराहे से ओमेक्स आर-2 के सामने बड़े नाले तक सड़क के पश्चिमी किनारे स्थित क्षतिग्रस्त नाले का गहरीकरण एवं चौड़ीकरण।
7- कानपुर रोड पर पुरानी चुंगी से श्री ज्ञानेन्द्र चक के घर तक लगभग 900 मीटर आरसीसी नाले का निर्माण।
8- कानपुर रोड पर इंदिरा स्थल से श्री ओमवीर भदौरिया के घर तक लगभग 800 मीटर आरसीसी नाले का निर्माण।
9- शांति नगर में बाबा कुंज के पास से भारत टेंट हाउस (एयरपोर्ट बाउंड्री) तक लगभग 700 मीटर आरसीसी नाले का निर्माण।
10- नगर निगम जोन-5 अंतर्गत ग्राम अमौसी में मुख्य तिराहे से तालाब तक लगभग 150 मीटर आरसीसी नाले का निर्माण।
डॉ. राजेश्वर सिंह ने कहा कि इन सभी परियोजनाओं को शीघ्र वित्तीय स्वीकृति प्रदान कर समयबद्ध ढंग से पूरा किया जाना अत्यंत आवश्यक है। इन परियोजनाओं के पूर्ण होने से जल निकासी व्यवस्था सुदृढ़ होगी, वर्षा के दौरान जलभराव की समस्या में कमी आएगी तथा हजारों नागरिकों को स्थायी राहत मिल सकेगी।
उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि राज्य सरकार जनहित से जुड़े इन दोनों महत्वपूर्ण विषयों पर सकारात्मक निर्णय लेते हुए आवश्यक वित्तीय एवं प्रशासनिक कार्यवाही सुनिश्चित करेगी, जिससे सरोजनीनगर विधानसभा क्षेत्र में आधारभूत सुविधाओं का विकास और जलभराव की समस्या का प्रभावी एवं स्थायी समाधान सुनिश्चित किया जा सके।

एक टिप्पणी भेजें
If you have any doubts, please let me know