-श्री गिरीश चंद्र यादव
लखनऊ: 10 जून, 2026
खेल विभाग के अन्तर्गत निर्माणाधीन खेल अवस्थापनाओं से सम्बन्धित कार्यदायी संस्था के प्रोजेक्ट मैनेजर्स एवं विभागीय अधिकारियों के साथ प्रदेश के खेल एवं युवा कल्याण राज्यमंत्री (स्वतन्त्र प्रभार) श्री गिरीश चन्द्र यादव की अध्यक्षता में लखनऊ में विधानसभा स्थित कार्यालय कक्ष में वर्चुअल बैठक आयोजित की गई।
खेल मंत्री ने बैठक में उपस्थित अधिकारियों को निर्देश दिये कि निर्माण कार्य को स्वीकृत लागत के अन्तर्गत अनुमोदित विशिष्टियों एवं मानकों के अनुसार समयार्न्तगत पूर्ण कराया जाय तथा अतिरिक्त कार्यों का प्राविधान करते हुए प्रायोजना को पुनरीक्षित न किया जाये।
खेल मंत्री ने कहा कि जनपद में चल रहे निर्माण कार्यों की गुणवत्ता की जॉच हेतु शासन स्तर से जिलाधिकारी द्वारा गठित गुणवत्ता सम्बन्धी समिति से जाँच कराकर जॉच आख्या प्रत्येक माह निदेशालय को उपलब्ध करायी जाय। निर्धारित मानकों/विशिष्टियों के अनुसार निर्माण कार्य न पाये जाने की स्थिति में उत्तरदायित्व सम्बन्धित अधिकारियों का भी होगा। साथ ही यह भी निर्देशित किया गया कि जिस मण्डल/जनपद में निर्माण कार्य चल रहे हैं, उस मण्डल/जनपद के अधिकारी द्वारा निर्माण कार्यों का प्रतिदिन निरीक्षण किया जाय एवं निर्माण कार्य निर्धारित मानक एवं विशिष्टियों के अनुसार पूर्ण कराया जाय।
मा० राज्य मंत्री जी (स्वतंत्र प्रभार), खेल द्वारा उपस्थित विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि जिन जनपदों में 100 प्रतिशत कार्य पूर्ण हो चुका है, उन जनपद के विभागीय अधिकारी अपने अधीनस्थ जनपद में पूर्ण हो चुकी अवस्थापनाओं के हस्तान्तरण हेतु जनपद स्तर पर गठित गुणवत्ता सम्बन्धी समिति से जाँच कराकर नियमानुसार हस्तान्तरण की कार्यवाही सुनिश्चित करायें ताकि निर्मित खेल अवस्थापनाओं के लोकार्पण हेतु तिथि निर्धारित किये जाने की कार्यवाही की जा सकें।
उन्होंने कहा कि निर्माण कार्य को शासनादेश में कार्यपूर्णता के सम्बन्ध में निर्धारित किये गये गाइड लाइन्स के अनुरूप कार्य पूर्णता की तिथि अंकित की जाय, तद्नुसार निर्माण संस्था संशोधित करते हुए संशोधित अनुबन्ध उपलब्ध कराये साथ ही कार्यस्थल पर बोर्ड लगवाया जाय जिसमें कार्य की स्वीकृत लागत तथा प्रोजेकट मैनेजर का नाम/पदनाम एवं मोबाइल नं० अवश्य अंकित हो।
बैठक में सचिव, खेल एवं युवा कल्याण श्री सुहास एल० वाई० ने कहा कि विभागीय अधिकारी अपने अधीनस्थ जनपद में स्वीकृत परियोजना हेतु अनुमोदित लागत के सापेक्ष द्वितीय किश्त की मॉग के समय पूर्व में अवमुक्त धनराशि का उपयोगिता प्रमाण-पत्र जनपद के जिलाधिकारी से सत्यापित कराते हुए उपलब्ध कराये। साथ ही सी०एम०आई०एस० पोर्टल पर दर्ज परियोजना की प्रविशिष्ट को अपडेट करे तथा शासन स्तर से मास्टर डाटा को फीड किया जाय।
बैठक में विभागीय अधिकारियों एवं कार्यदायी संस्था के परियोजना प्रबन्धक उपस्थित रहे।

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