मुख्यमंत्री ने ‘स्टेट ट्रान्सफॉर्मेशन कमीशन’ की चौथी बैठक की अध्यक्षता की

मुख्यमंत्री कार्यालय में विशेष सेल गठित कर ‘सीएम समीक्षा’ में
शामिल परियोजनाओं की नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित की जाए : मुख्यमंत्री

निवेश सम्बन्धी परियोजनाओं में अनावश्यक विलम्ब स्वीकार्य नहीं

उ0प्र0 को रक्षा उत्पादन के क्षेत्र में अग्रणी राज्य बनाने के
लिए निवेशकों को आवश्यक सहयोग उपलब्ध कराया जाए

प्रस्तावित एक्सप्रेस-वे परियोजनाओं के सम्बन्ध में भूमि
अधिग्रहण और विनिमय सम्बन्धी कार्यों में तेजी लायी जाए

तेजी से बढ़ते शहरीकरण को देखते हुए आधुनिक नगरीय
अवसंरचना का विकास सर्वोच्च प्राथमिकता पर किया जाए

मुख्यमंत्री ने नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यीडा क्षेत्र में 500 इलेक्ट्रिक
बसों के संचालन की प्रगति की समीक्षा की, इलेक्ट्रिक वाहनों के
लिए चार्जिंग इन्फ्रास्ट्रक्चर के तेजी से विस्तार पर बल दिया

आगामी 15 जून से प्रस्तावित उड़ान संचालन से पहले
सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को पूरी तरह सुदृढ़ किया जाए

नोएडा इण्टरनेशनल एयरपोर्ट तक आवागमन के लिए प्राथमिक
चरण में 110 इलेक्ट्रिक बसों की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए
 
मुख्यमंत्री ने जेवर अन्तरराष्ट्रीय एयरपोर्ट के निकट प्रस्तावित एग्रीकल्चर 
एक्सपोर्ट हब तथा उन्नाव में एक्वा ब्रिज परियोजना की समीक्षा की

कृषि और मत्स्य आधारित उत्पादों को वैश्विक बाजार से जोड़ने के
लिए आधुनिक प्रोसेसिंग और निर्यात सुविधाएं विकसित की जाएं

लखनऊ में प्रस्तावित सीड पार्क और टेक्सटाइल पार्क परियोजनाओं को प्रदेश
के कृषि और औद्योगिक विकास से जोड़ते हुए तेजी से आगे बढ़ाया जाए

भवन स्वीकृति सम्बन्धी प्रक्रियाओं को और अधिक
सरल, पारदर्शी तथा समयबद्ध बनाया जाए

लखनऊ : 27 मई, 2026

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने नोएडा इण्टरनेशनल एयरपोर्ट तक आवागमन के लिए प्राथमिक चरण में 110 इलेक्ट्रिक बसों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि आगामी 15 जून से प्रस्तावित उड़ान संचालन से पहले सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को पूरी तरह सुदृढ़ किया जाए। ज्ञातव्य है कि  जेवर अन्तरराष्ट्रीय एयरपोर्ट के संचालन के साथ ही, यात्रियों को आधुनिक सार्वजनिक परिवहन सुविधा उपलब्ध कराने की तैयारियां तेज हो गई है।
मुख्यमंत्री जी आज यहां ‘स्टेट ट्रान्सफॉर्मेशन कमीशन’ की चौथी बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। उन्होंने ‘सीएम समीक्षा’ में शामिल परियोजनाओं को शीर्ष प्राथमिकता देने के निर्देश देते हुए कहा कि मुख्यमंत्री कार्यालय में विशेष सेल गठित कर इन परियोजनाओं की नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित की जाए।
मुख्यमंत्री जी ने नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यीडा क्षेत्र में 500 इलेक्ट्रिक बसों के संचालन की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने प्रदेश में इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए चार्जिंग इन्फ्रास्ट्रक्चर के तेजी से विस्तार पर भी बल दिया। मुख्यमंत्री जी को अवगत कराया गया कि प्रदेश में वर्तमान में लगभग 15.5 लाख इलेक्ट्रिक वाहन पंजीकृत हैं तथा वर्ष 2030 तक 10 हजार चार्जिंग स्टेशन विकसित करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। अभी तक लगभग 2,500 चार्जिंग स्टेशन संचालित हो चुके हैं।
मुख्यमंत्री जी ने प्रदेश में प्रस्तावित एक्सप्रेस-वे परियोजनाओं की समीक्षा करते हुए कहा कि बेहतर कनेक्टिविटी औद्योगिक विकास, निवेश और रोजगार सृजन को नई गति देगी। उन्होंने भूमि अधिग्रहण और विनिमय सम्बन्धी कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री जी को अवगत कराया गया कि फर्रुखाबाद लिंक एक्सप्रेस-वे के लिए लगभग 55 प्रतिशत भूमि अर्जित की जा चुकी है। मुख्यमंत्री जी ने निर्देश दिए कि आगरा-लखनऊ-पूर्वांचल लिंक एक्सप्रेस-वे, जेवर लिंक एक्सप्रेस-वे और झांसी लिंक एक्सप्रेस-वे के लिए आवश्यक भूमि का अधिग्रहण जून माह के अन्त तक पूरा कर लिया जाए। बैठक में यह भी जानकारी दी गई कि मेरठ-हरिद्वार एक्सप्रेस-वे का एलाइनमेण्ट स्वीकृत हो चुका है तथा भूमि अधिग्रहण की कार्ययोजना तैयार की जा रही है।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि निवेश सम्बन्धी परियोजनाओं में अनावश्यक विलम्ब स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने लम्बित मामलों के शीघ्र निस्तारण और निवेशकों के साथ सतत संवाद बनाए रखने के निर्देश दिए। बैठक में अवगत कराया गया कि मल्टी मोडल लॉजिस्टिक हब के लिए 323 हेक्टेयर भूमि में से 301 हेक्टेयर भूमि पर कब्जा प्राप्त हो चुका है। डेवलपर चयन के लिए निविदा की अंतिम तिथि बढ़ाकर 6 जुलाई, 2026 कर दी गई है। वहीं मल्टी मोडल ट्रांसपोर्ट हब के लिए 200 हेक्टेयर में से 144 हेक्टेयर भूमि उपलब्ध हो चुकी है तथा शेष भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया जारी है।
मुख्यमंत्री जी ने औद्योगिक विकास प्राधिकरणों के लिए मॉडल बिल्डिंग बायलॉज को निवेश अनुकूल व्यवस्था का महत्वपूर्ण आधार बताते हुए कहा कि भवन स्वीकृति सम्बन्धी प्रक्रियाओं को और अधिक सरल, पारदर्शी तथा समयबद्ध बनाया जाए। उन्होंने उत्तर प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन की समीक्षा करते हुए कहा कि ग्रामीण स्तर पर योजनाओं के प्रभावी संचालन के लिए पर्याप्त मानव संसाधन उपलब्ध कराया जाए। मुख्यमंत्री जी को अवगत कराया गया कि राज्य स्तर पर 136 रिक्त पदों में से 40 पदों पर चयन प्रक्रिया पूरी हो चुकी है तथा शेष 96 पदों के लिए विज्ञापन जारी किया गया है। जिला एवं विकासखण्ड स्तर पर 360 रिक्त पदों पर भर्ती प्रक्रिया संचालित है।
मुख्यमंत्री जी ने लखनऊ में प्रस्तावित सीड पार्क और टेक्सटाइल पार्क परियोजनाओं की समीक्षा करते हुए कहा कि इन परियोजनाओं को प्रदेश के कृषि और औद्योगिक विकास से जोड़ते हुए तेजी से आगे बढ़ाया जाए। मुख्यमंत्री जी को अवगत कराया गया कि सीड पार्क परियोजना के सम्बन्ध में अन्तरराष्ट्रीय संस्थाओं और प्रमुख बीज कम्पनियों के साथ विचार-विमर्श किया गया है तथा आगे की कार्यवाही पर सहमति बनी है।
मुख्यमंत्री जी ने डिफेंस कॉरिडोर परियोजनाओं की समीक्षा करते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश को रक्षा उत्पादन के क्षेत्र में अग्रणी राज्य बनाने के लिए निवेशकों को आवश्यक सहयोग उपलब्ध कराया जाए। बैठक में बताया गया कि आइकॉन्स हिन्दुस्तान एयरोस्पेस एण्ड डिफेंस सिस्टम प्राइवेट लिमिटेड द्वारा अलीगढ़ डिफेंस नोड में 125 करोड़ रुपये के निवेश का प्रस्ताव दिया गया है। तकनीकी मूल्यांकन समिति तथा भूमि आवंटन समिति द्वारा कंपनी के पक्ष में संस्तुति की जा चुकी है और आगे की प्रक्रिया प्रचलित है।
मुख्यमंत्री जी ने जेवर अन्तरराष्ट्रीय एयरपोर्ट के निकट प्रस्तावित एग्रीकल्चर एक्सपोर्ट हब तथा उन्नाव में एक्वा ब्रिज परियोजना की समीक्षा करते हुए कहा कि कृषि और मत्स्य आधारित उत्पादों को वैश्विक बाजार से जोड़ने के लिए आधुनिक प्रोसेसिंग और निर्यात सुविधाएं विकसित की जाएं। मुख्यमंत्री जी को अवगत कराया गया कि एग्री एक्सपोर्ट हब के लिए 50 एकड़ भूमि की आवश्यकता है, जबकि वर्तमान में 29 एकड़ भूमि चिन्हित की जा चुकी है। वहीं उन्नाव में प्रस्तावित एक्वा ब्रिज परियोजना के लिए 60 एकड़ भूमि चिन्हित कर ली गई है, जहां फिश प्रोसेसिंग, फीड प्लाण्ट, पैकेजिंग और निर्यात सम्बन्धी सुविधाएं विकसित की जाएंगी।
मुख्यमंत्री जी ने मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान की समीक्षा करते हुए कहा कि युवाओं को स्वरोजगार और उद्यमिता से जोड़ने के लिए योजनाओं को और अधिक प्रभावी बनाया जाए। उन्होंने अर्बन चैलेंज फण्ड के अन्तर्गत प्रस्तावित परियोजनाओं की समीक्षा करते हुए कहा कि तेजी से बढ़ते शहरीकरण को देखते हुए आधुनिक नगरीय अवसंरचना का विकास सर्वोच्च प्राथमिकता पर किया जाए।
-------

Post a Comment

If you have any doubts, please let me know

और नया पुराने